Delhi Election 2025 : दिल्ली विधानसभा चुनाव के मद्देनजर आम आदमी पार्टी (AAP) को एक और बड़ा झटका तब लगा जब उसके 8 विधायकों ने पार्टी से इस्तीफा देकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हो गए। यह सभी विधायक कल ही पार्टी से इस्तीफा दे चुके थे, और अगले ही दिन उन्होंने बीजेपी का दामन थाम लिया। बीजेपी में शामिल होने वाले विधायकों में त्रिलोकपुरी से विधायक रोहित महरौलिया, जनकपुरी से विधायक राजेश ऋषि, कस्तूरबा नगर से विधायक मदनलाल, पालम से विधायक भावना गौड़, महरौली से विधायक नरेश यादव, आदर्श नगर से पवन शर्मा, बिजवासन से विधायक बीएस जून और मादीपुर से विधायक गिरीश सोनी का नाम शामिल है।
इन विधायकों ने पार्टी छोड़ने के बाद अपनी परेशानियों और असंतोष को सोशल मीडिया पर भी साझा किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी अब उस ईमानदार विचारधारा से भटक चुकी है, जिस पर यह पार्टी पहले बनी थी। उनका कहना था कि पार्टी में भ्रष्टाचार और अन्य मुद्दों के चलते उन्हें यह फैसला लेना पड़ा।
बागी विधायकों के इस्तीफे के कारण
इन विधायकों ने पार्टी से इस्तीफा देते हुए लिखा कि आम आदमी पार्टी में वे ईमानदारी और अच्छे कामकाज की राजनीति करने आए थे, लेकिन अब उन्हें यह सब कहीं भी नजर नहीं आ रहा। महरौली विधायक नरेश यादव ने तो सोशल मीडिया पर अपने इस्तीफे का ऐलान करते हुए कहा था कि उन्होंने पार्टी को छोड़ने का निर्णय इसलिए लिया क्योंकि पार्टी में अब भ्रष्टाचार फैल चुका है और वह जनता के विश्वास के अनुरूप काम नहीं कर पा रही है। नरेश यादव ने कहा कि महरौली की जनता जानती है कि उन्होंने हमेशा ईमानदारी से काम किया, लेकिन अब आम आदमी पार्टी में कुछ ही लोग ईमानदारी की राजनीति करने वाले बचे हैं।
कस्तूरबा नगर से विधायक मदनलाल ने भी इस बात का उल्लेख किया कि उन्हें और उनके साथियों को पार्टी द्वारा नजरअंदाज किया गया। उन्होंने बताया कि वर्षों से ईमानदारी से काम करने के बावजूद पार्टी नेतृत्व ने उनके योगदान को महत्व नहीं दिया। वहीं, पालम से दो बार विधायक रही भावना गौड़ ने भी आम आदमी पार्टी के प्रति अपना विश्वास खोने की बात कही और कहा कि अब उनका पार्टी में कोई भविष्य नहीं था।
आम आदमी पार्टी की सफाई
आम आदमी पार्टी ने बागी विधायकों की आलोचना करते हुए कहा कि इन विधायकों को टिकट नहीं दिए जाने का कारण पार्टी द्वारा किए गए सर्वे में सामने आया था। पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता रीना गुप्ता ने कहा कि इन विधायकों की कार्यशैली और जनता के प्रति उनके अभाव को देखते हुए उन्हें टिकट नहीं दिया गया। गुप्ता ने यह भी कहा कि पार्टी का निर्णय सर्वेक्षण के परिणामों पर आधारित था और अब वे दूसरी पार्टी में शामिल हो रहे हैं, यह कोई बड़ी बात नहीं है।
आने वाले चुनावों पर असर
इन 8 विधायकों का बीजेपी (Delhi Election 2025) में शामिल होना दिल्ली विधानसभा चुनाव के पहले आम आदमी पार्टी के लिए एक बड़ा झटका हो सकता है। कई राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह घटनाक्रम पार्टी के इमेज पर असर डाल सकता है, क्योंकि पार्टी का दावा था कि वह भ्रष्टाचार और पुराने राजनीतिक सिस्टम से मुक्त होकर दिल्ली में सत्ता में आई है। अब यह देखना होगा कि क्या आम आदमी पार्टी इस स्थिति से उबर पाती है या इसका असर चुनाव परिणामों पर पड़ेगा।


