UP News : मेरठ से प्रयागराज तक प्रस्तावित गंगा एक्सप्रेसवे के विस्तार को मंजूरी मिल गई है। इसके साथ ही इसे बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से जोड़ने की सहमति भी बन गई है। यह निर्णय उत्तर प्रदेश सरकार (UP News) की महाकुंभ में आयोजित विशेष कैबिनेट बैठक में लिया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बैठक के बाद जानकारी देते हुए बताया कि प्रयागराज-चित्रकूट डेवलेपमेंट रीजन के प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई है।
गंगा एक्सप्रेसवे का विस्तार अब मिर्जापुर, भदोही, वाराणसी और चंदौली के रास्ते गाजीपुर में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से जोड़ा जाएगा। इससे बलिया, गाजीपुर और मऊ जैसे जिलों के लोगों को लखनऊ होकर दिल्ली जाने की जरूरत नहीं होगी। इस निर्णय से क्षेत्रीय विकास और कनेक्टिविटी में सुधार होगा।
गंगा एक्सप्रेसवे के विस्तार को प्रयागराज-विंध्य-काशी एक्सप्रेसवे के नाम से जाना जाएगा। इसके अलावा, इसे बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे से जोड़कर चित्रकूट और प्रयागराज के बीच सीधी कनेक्टिविटी बनाई जाएगी। इस योजना से झांसी, मध्य प्रदेश के भिंड, मुरैना, ग्वालियर और बीना तक की यात्रा भी सुगम होगी।
कैबिनेट बैठक में सीएम योगी ने प्रयागराज में यमुना नदी पर सिग्नेचर ब्रिज के समानांतर एक नए पुल और सलोरी-हेतापट्टी झूंसी के बीच फोर लेन ब्रिज निर्माण को भी मंजूरी दी। उन्होंने बताया कि एससीआर की तर्ज पर प्रयागराज-चित्रकूट डेवलपमेंट रीजन पर भी काम शुरू हो चुका है, जिससे क्षेत्र में नई संभावनाओं का विकास होगा।


