Rajasthan News : सपोटरा कुडगांव स्थित एक निजी छात्रावास में 14 वर्षीय दिलराज मीना की कथित तौर पर बेरहमी से पिटाई और छत से फेंकने की घटना ने पूरे क्षेत्र में हलचल मचा दी है। यह दिल दहला देने वाली घटना चार दिन पहले उस समय हुई, जब दिलराज अपने नियमित कार्यों के लिए छात्रावास की छत पर गया था। छात्रावास कर्मचारियों द्वारा किए गए अत्याचार के बाद, उसे गंभीर रूप से घायल अवस्था में अस्पताल में भर्ती कराया गया था। रविवार को उपचार के दौरान दिलराज की मौत हो गई, जिससे परिवार और स्थानीय समुदाय में गहरा आक्रोश फैल गया।
घटना के बाद, मृतक के परिजनों ने शव लेने से इनकार कर दिया और अस्पताल के बाहर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। उनका आरोप था कि यह घटना साजिश के तहत की गई थी और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। परिवार के साथ विधायक दर्शन सिंह गुर्जर और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने भी घटनास्थल का दौरा किया और परिजनों को उचित मुआवजा और न्याय का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजनों ने शव लेने पर सहमति जताई।
उपचार के दौरान हुई मौत
मृतक के पिता का कहना है कि दिलराज ने किसी का मोबाइल लेकर उन्हें घटना की जानकारी दी थी, जिससे वे अस्पताल पहुंचे। दिलराज ने वहां पूरी घटना को बताया, जिससे उसकी पीड़ा और दुख साफ दिखाई दिए। उसके बाद, ग्रामीणों ने जिला अस्पताल में एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन किया और छात्रावास को तत्काल बंद करने की मांग की। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने, पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपए का मुआवजा और सरकारी सहायता देने की मांग भी की।
पुलिस प्रशासन ने इस मामले में गंभीरता से कार्रवाई करते हुए छात्रावास के दो कर्मचारियों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय ने मीडिया से बात करते हुए पुष्टि की कि जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मृतक (Rajasthan News)को पहले गंगापुर सिटी के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उसकी स्थिति बिगड़ने पर उसे जिला अस्पताल करौली रेफर किया गया। बाद में, गंभीर हालत को देखते हुए उसे जयपुर भेजा गया, लेकिन रास्ते में महुआ के पास उसकी मौत हो गई।
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