CM Yogi : वक्फ बोर्ड और उसकी जमीन को लेकर इन दिनों सियासत तेज हो गई है। इस बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बयान दिया कि देव और दानव, सुर और असुर हमेशा से धरती पर रहे हैं। जोड़ने वाले लोग मानव परंपरा के अनुयायी हैं, जबकि तोड़ने वाले दानव परंपरा के। जो लोग “डिस्कवरी ऑफ इंडिया” के नजरिए से भारत को देखना चाहते हैं, वे भारत को कभी नहीं समझ पाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जो खुद को “एक्सीडेंटल” कहते हैं, वे भारत की आध्यात्मिक परंपरा, भगवान राम, कृष्ण, शिव, और शक्ति की परंपरा को नहीं समझ सकते। भारत को समझने के लिए इस परंपरा के प्रति श्रद्धा जरूरी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि अब देश की जनता जागरूक हो चुकी है और ऐसे लोग पूरी तरह से एक्सपोज हो चुके हैं। अगर इन्हें और बेनकाब किया जाए, तो वे कहीं भी मुंह दिखाने लायक नहीं बचेंगे।
वक्फ बोर्ड पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कभी-कभी ऐसा लगता है कि यह बोर्ड भू-माफियाओं का अड्डा बन गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश वक्फ अधिनियम में संशोधन किया गया है और 1397 से अब तक के सभी राजस्व अभिलेखों की जांच कराई जा रही है। वक्फ के नाम पर कब्जा की गई एक-एक इंच जमीन को वापस लिया जाएगा।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि वक्फ की जमीनों पर कब्जा मुक्त कर वहां गरीबों के लिए मकान, सार्वजनिक संस्थान, अस्पताल, और अच्छे शिक्षण संस्थान बनाए जाएंगे। कुंभ के संदर्भ में उन्होंने कहा कि दावेदारी करने वाले लोग अपनी खाल बचाने में ही गनीमत समझें। मुख्यमंत्री ने यह बयान एक इंटरव्यू के दौरान दिया।


