Lok Sabha Elections 2024 : लोकसभा चुनाव ( Lok Sabha Elections) अब अपने आखिरी चरण पर पहुंच गया है। इस बार समाजवादी पार्टी-कांग्रेस गठबंधन उत्तर प्रदेश की कई सीटों पर भाजपा को कड़ी चुनौती दे रहा है। माना जा रहा है कि उक्कर प्रदेश में भाजपा को नुकसान हो सकता है। इस बीच सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने माना है कि उनसे चुनाव प्रचार में गलती हो गई। उन्होंने यह कहा है कि वो अपने कार्यकर्ताओं की ज्यादा ट्रेनिंग नहीं करवा पाए।
कार्यकर्ताओं को ठीक से ट्रेनिंग नहीं दी- सपा प्रमुख
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने हाल में एक इंटरव्यू में बात करते हुए कहा है कि वो कार्यकर्ताओं को ठीक से ट्रेनिंग नहीं करवा पाए। उन्होंने कहा कि अगर हम वर्कर्स को ज्यादा ट्रेनिंग दे पाते तो हमारे लिए स्थिति और भी बेहतर हो सकती थी। उन्होंने कहा कि जब आप कार्यकर्ताओं को ठीक से ट्रेनिंग दे पाते हैं और उन्हें यह बता पाते है कि बूथ पर कैसे काम करना है..आपको राजनीतिक पार्टी का कोई कार्यक्रम हैं तो उसमें कैसे व्यवहार करना है..अगर हमने ये कर लिया होता तो हमें और आराम और मदद मिल गई होती।
सपा कार्यकर्ता ने तोड़ा बैरिकेटिंग
सपा प्रमुख अखिलेश यादव की जनसभाओं में इस बार भारी संख्या में भीड़ देखने को मिली। कई बार तो समाजवादी कार्यकर्ता बैरिकेटिंग तोड़कर मंच तक पहुंच गए, जिसकी वजह से जनसभाओं में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई बार उन्हें बिना भाषण दिए हुए लौटना पड़ा। फूलपुर में कांग्रेस-समाजवादी पार्टी की संयुक्त रैली में तो माइक तक टूट गया, जिसकी वजह से काग्रेंस नेता राहुल गांधी और सपा प्रमुख अखिलेश यादव भाषण भी नहीं दे पाए और फिर उन्होंने आपसी बातचीत के जरिए अपनी बात लोगों तक पहुँचाई।
इस मुद्दों को लेकर सियासत भी जमकर देखने को मिली थी, समाजवादी पार्टी ने जहां प्रशासन पर उचित सुरक्षा नहीं देने का आरोप लगाए तो वहीं भाजपा ने ये कहकर पलटवार किया कि जो अपनी जनसभा नहीं संभाल सकते वो क्या करेंगे। हालांकि अब सपा प्रमुख अखिलेश यादव के इस बयान से साफ है कि समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने अति उत्साहित होकर बैरिकेटिंग तोड़ने की घटनाएं की, जिसकी वजह से रैलियों में अव्यवस्था फैली और भगदड़ मच गया।


