Aaj Ka Panchang : पंचांग मुख्य रूप से पांच प्रमुख तत्वों या “अंगों” से बना होता है, जो समय और खगोलीय घटनाओं के विभिन्न पहलुओं के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान करते हैं।
ये पांच तत्व
तिथि (चंद्र दिवस): किसी दिए गए दिन चंद्रमा का विशिष्ट चरण।
नक्षत्र (तारा नक्षत्र): 27 नक्षत्रों में से किसी एक में चंद्रमा की स्थिति।
वर (सप्ताह का दिन): सप्ताह का दिन, जो रविवार (रविवार) से शुरू होता है।
योग (चंद्र-सौर काल): सूर्य और चंद्रमा की स्थिति का एक विशेष संयोजन, जो दैनिक गतिविधियों को प्रभावित करता है।
करण (तिथि का आधा भाग): तिथि का दो भागों में विभाजन, जिसका उपयोग अधिक सटीक समय गणना के लिए किया जाता है।
ये भी पढ़ें : UP Weather News : यूपी में ठंड का कहर, मौसम विभाग ने जारी किया कोहरे का अलर्ट
Aaj Ka Panchang : सूर्योदय एवं चन्द्रोदय
- सूर्योदय 07:14 ए एम
- सूर्यास्त 05:49 पी एम
- चन्द्रोदय 10:55 पी एम
- चन्द्रास्त 10:27 ए एम
पंचांग
- तिथि पञ्चमी – 07:30 ए एम तक
- नक्षत्र उत्तराफाल्गुनी – 05:30 पी एम तक
- षष्ठी हस्त
- योग अतिगण्ड – 01:58 ए एम, जनवरी 20 तकⓘ
- करण तैतिल – 07:30 ए एम तकⓘ
- सुकर्माⓘ गर – 08:41 पी एम तकⓘ
- वार रविवारⓘ वणिजⓘ
- पक्ष कृष्ण पक्ष
चन्द्र मास एवं सम्वत
- शक सम्वत 1946 क्रोधी चन्द्रमास माघ – पूर्णिमान्त
- विक्रम सम्वत 2081 पिङ्गल पौष – अमान्त
- गुजराती सम्वत 2081 नल प्रविष्टे/गते 6
राशि तथा नक्षत्र
- चन्द्र राशि कन्या नक्षत्र पद उत्तराफाल्गुनी – 10:48 ए एम तक
- सूर्य राशि मकर उत्तराफाल्गुनी – 05:30 पी एम तक
- सूर्य नक्षत्र उत्तराषाढा हस्त – 12:13 ए एम, जनवरी 20 तक
- सूर्य नक्षत्र पद उत्तराषाढा हस्त – 06:58 ए एम, जनवरी 20 तक
- हस्त
ऋतु तथा अयन
- द्रिक ऋतु शिशिर दिनमान 10 घण्टे 35 मिनट्स 33 सेकण्ड्स
- वैदिक ऋतु हेमन्त रात्रिमान 13 घण्टे 24 मिनट्स 12 सेकण्ड्स
- द्रिक अयन उत्तरायण मध्याह्न 12:32 पी एम
- वैदिक अयन उत्तरायण
Aaj Ka Panchang : शुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त 05:26 ए एम से 06:20 ए एम
- प्रातः सन्ध्या 05:53 ए एम से 07:14 ए एम
- अभिजित मुहूर्त 12:10 पी एम से 12:53 पी एम
- विजय मुहूर्त 02:18 पी एम से 03:00 पी एम
- गोधूलि मुहूर्त 05:47 पी एम से 06:14 पी एम
- सायाह्न सन्ध्या 05:49 पी एम से 07:10 पी एम
- अमृत काल 09:30 ए एम से 11:17 ए एम
- निशिता मुहूर्त 12:05 ए एम, जनवरी 20 से 12:58 ए एम, जनवरी 20
- सर्वार्थ सिद्धि योग पूरे दिन
- अमृत सिद्धि योग 05:30 पी एम से 07:14 ए एम, जनवरी 20
- रवि योग 05:30 पी एम से 07:14 ए एम, जनवरी 20
अशुभ समय
- राहुकाल 04:30 पी एम से 05:49 पी एम
- यमगण्ड 12:32 पी एम से 01:51 पी एम
- आडल योग 05:30 पी एम से 07:14 ए एम, जनवरी 20
- विडाल योग 07:14 ए एम से 05:30 पी एम
- गुलिक काल 03:10 पी एम से 04:30 पी एम
- दुर्मुहूर्त 04:25 पी एम से 05:07 पी एम
- वर्ज्य 02:57 ए एम, जनवरी 20 से 04:45 ए एम, जनवरी 20
- बाण चोर – 06:31 ए एम, जनवरी 20 से पूर्ण रात्रि तक
आनन्दादि एवं तमिल योग
- आनन्दादि योग मित्र – 05:30 पी एम तक
- तमिल योग अमृत – 05:30 पी एम तक
- मानस अमृत
- जीवनम निर्जीव – 05:30 पी एम तक𝟢 नेत्रम दो नेत्र𝟤
- अर्ध जीवन½
निवास और शूल
- होमाहुति गुरु♃
- दिशा शूल पश्चिम
- अग्निवास पाताल – 07:30 ए एम तकⓘ
- नक्षत्र शूल उत्तर – 05:30 पी एम तक
- पृथ्वीEarth चन्द्र वास दक्षिण
- शिववास नन्दी पर – 07:30 ए एम तक
- राहु वास उत्तर
- भोजन में कुम्भ चक्र गर्भ


