Prayagraj Magh Mela: यूपी के प्रयागराज में माघ मेला शुरू होने से पहले ही श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए रेलवे ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। पहले स्नान पर्व पर आने वाले श्रद्धालुओं को आसानी से लाने और उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए रेलवे ने स्पेशल ट्रेनों का संचालन शुरू कर दिया है। उत्तर मध्य रेलवे (NCR) और पूर्वोत्तर रेलवे (NER) स्पेशल ट्रेनों के साथ-साथ अलग-अलग रूटों पर रिंग रेल भी चला रही हैं।
उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के डीआरएम सुनील कुमार वर्मा ने प्रयागराज में खुद मोर्चा संभाल लिया है। शुक्रवार को उन्होंने प्रयाग और फाफामऊ स्टेशन का निरीक्षण किया। इस दौरान यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा और भीड़ को संभालने की व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
यात्रियों के लिए खास इंतजाम
निरीक्षण के दौरान स्टेशनों पर होल्डिंग एरिया, प्रवेश और निकास व्यवस्था, अतिरिक्त टिकट काउंटर, इंटीग्रेटेड कमांड सेंटर और आपातकालीन सुविधाओं को देखा गया। प्रयागराज जंक्शन, सूबेदारगंज, छिवकी और नैनी स्टेशन पर अतिरिक्त जीआरपी और आरपीएफ की तैनाती की गई है। सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे और ड्रोन से निगरानी की जा रही है। रामबाग और झूंसी स्टेशन पर भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
पहले स्नान पर्व पर चलेंगी 16 स्पेशल ट्रेनें
रेलवे की ओर से पहले स्नान पर्व पर कुल 16 स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जाएगा।
• दिल्ली एनसीआर रूट से 9 स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी।
• उत्तर रेलवे लखनऊ और अयोध्या रूट के लिए 3 ट्रेनें चलाएगा।
• पूर्वोत्तर रेलवे बिहार और पूर्वांचल के लिए 4 स्पेशल ट्रेनें चलाएगा।
जंक्शन पर प्रवेश बंद होने से नाराज हुए यात्री
हालांकि, माघ मेला के पहले स्नान पर्व (पौष पूर्णिमा) को लेकर की गई यातायात व्यवस्था से कई यात्रियों को परेशानी भी झेलनी पड़ी। शुक्रवार सुबह से प्रयागराज जंक्शन के सिविल लाइंस साइड से प्रवेश बंद कर दिया गया। इससे यात्रियों को घूमकर सिटी साइड से स्टेशन जाना पड़ा।
सुबह करीब आठ बजे जैसे ही सिविल लाइंस साइड के दोनों गेट बंद किए गए, वहां यात्रियों की भीड़ जमा हो गई। यात्रियों का कहना था कि जब स्टेशन के अंदर ज्यादा भीड़ नहीं थी, तब भी प्रवेश रोकना समझ से बाहर है। व्यवस्था के तहत सिविल लाइंस साइड को सिर्फ बाहर निकलने के लिए खोला गया था, जबकि प्रवेश केवल सिटी साइड से ही दिया जा रहा था।
इस वजह से पूरे दिन यात्रियों और सुरक्षा कर्मियों के बीच बहस होती रही। कई यात्रियों ने मांग की कि स्थिति को देखकर प्रवेश व्यवस्था में थोड़ी राहत दी जानी चाहिए, ताकि लोगों को बेवजह परेशानी न हो।
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