Ajit Pawar NCP : महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 की तैयारियां जोरों पर हैं, और राजनीतिक दल अपने उम्मीदवारों की लिस्ट जारी कर रहे हैं। इसी क्रम में एनसीपी के अजित पवार गुट ने 7 उम्मीदवारों की अपनी दूसरी लिस्ट जारी की है। इस लिस्ट के साथ ही एनसीपी अब तक कुल 45 उम्मीदवारों के नाम की घोषणा कर चुकी है। इस बार के चुनाव में कई नए चेहरे देखने को मिल रहे हैं, और इनमें दागी नेता नवाब मलिक की बेटी सना मलिक का नाम भी शामिल है, जिन्हें अणुशक्तिनगर से टिकट दिया गया है।
सना मलिक के अलावा इस लिस्ट में बांद्रा ईस्ट सीट से बाबा सिद्दीकी के बेटे जीशान सिद्दीकी को भी उम्मीदवार बनाया गया है। इसके अलावा अन्य उम्मीदवारों में निशिकांत पाटिल को इस्लामपुर, संजय काका पाटिल को तासगांव, सुनील टिंगरे को वडगाव शेरी, ज्ञानेश्वर कटके को थिरुर, और प्रताप पाटिल को लोहा सीट से चुनाव मैदान में उतारा गया है। शिवसेना के शिंदे गुट ने भी इस बार वरुण देसाई को अपने उम्मीदवार के रूप में शामिल किया है।
नवाब मलिक की उम्मीदवारी पर भाजपा का विरोध
एनसीपी के नेता नवाब मलिक की उम्मीदवारी पर पहले भाजपा ने अपना विरोध जताया था। हाल ही में दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में हुई महायुति के नेताओं की बैठक में इस मामले पर चर्चा की गई। इस बैठक में तय हुआ कि नवाब मलिक को चुनाव में उम्मीदवार नहीं बनाया जाएगा, लेकिन उनकी बेटी सना मलिक को अणुशक्तिनगर से चुनाव में उतारा जाएगा। नवाब मलिक मनकूर से चुनाव लड़ने की इच्छा रखते थे, लेकिन महायुति ने यह निर्णय लिया कि उनकी जगह उनकी बेटी को मौका दिया जाए।
अजित पवार सीट बंटवारे से असंतुष्ट?
एनसीपी की ओर से पहले 38 उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी की गई थी। सूत्रों के अनुसार, सीट बंटवारे को लेकर महायुति में असंतोष की खबरें भी आ रही हैं। एनसीपी के नेता अजित पवार इस बंटवारे से पूरी तरह संतुष्ट नहीं हैं। अब तक महायुति के तीनों दल—बीजेपी, शिवसेना शिंदे गुट और एनसीपी अजित पवार गुट—189 सीटों पर उम्मीदवार घोषित कर चुके हैं। शेष सीटों में से अजित पवार अधिक से अधिक सीटें अपने दल के लिए चाहते थे।
बुधवार को इसी मुद्दे पर दिल्ली में अमित शाह के आवास पर तीनों दलों की बैठक हुई। इस बैठक के बाद 10 सीटों को छोड़कर बाकी 278 सीटों पर तीनों दलों के बीच सहमति बन गई है।
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में इस बार महायुति और महाविकास अघाड़ी के बीच कड़ा मुकाबला होने की संभावना है। एनसीपी के दोनों गुट—अजित पवार और शरद पवार के गुट—अलग-अलग चुनाव लड़ रहे हैं, जिससे मतदाताओं में भी खासा उत्साह है कि परिणाम किसके पक्ष में जाएंगे।


