Bihar Mock Drill: केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देश पर राजधानी पटना समेत बिहार के छह जिलों में बुधवार (07 मई) को शाम 7:00 बजे से 7:10 तक ब्लैकआउट मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी। इस दौरान शहर की सभी लाइटें बुझा दी जाएंगी और वॉर लाइट सिचुएशन से निपटने की तैयारी की जाएगी। जिलाधिकारी चंद्रशेखर सिंह ने बताया कि यह अभ्यास संभावित आपातकालीन स्थिति में नागरिकों की प्रतिक्रिया और तैयारियों को परखने के उद्देश्य से किया जा रहा है।
6:58 पर बजेगा पहला सायरन
डीएम ने बताया कि शाम 6:58 पर 2 मिनट का पहला सायरन बजेगा, जिसके बाद पूरे पटना में बिजली काट दी जाएगी। यह ब्लैकआउट ठीक 7:00 बजे से शुरू होकर 7:10 तक चलेगा। इसके बाद दूसरा सायरन बजेगा, जिससे बिजली आपूर्ति दोबारा सामान्य की जाएगी।
घर में आपात स्थिति हो तो जलाएं लाइट
जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि अगर किसी के घर में चिकित्सा या अन्य आपात स्थिति हो तो वह लाइट का उपयोग कर सकते हैं, लेकिन खिड़कियों को मोटे कपड़े से ढंकना आवश्यक होगा, ताकि बाहर रोशनी न जाए।
सड़कों पर वाहन बंद करेंगे लाइट
पटना में मॉक ड्रिल के दौरान कुल 80 स्थानों पर सायरन बजाया जाएगा। इसके अलावा सड़क पर चल रहे वाहनों को भी 10 मिनट के लिए रुककर अपनी लाइट बंद करनी होगी। हालांकि, एम्बुलेंस और जरूरी सेवाओं को इस ब्लैकआउट से छूट दी गई है। सायरन की व्यवस्था फायर ब्रिगेड और थाना स्तर पर तैनात गाड़ियों के माध्यम से की जाएगी।
राज्य के अन्य जिलों में भी मॉक ड्रिल
पटना के अलावा बिहार के पूर्णिया, कटिहार, किशनगंज, अररिया और बेगूसराय जिलों में भी इस मॉक ड्रिल को लागू किया जाएगा। गृह मंत्रालय की ओर से सिविल डिफेंस के अंतर्गत देश के 244 जिलों में इसे लागू किया जा रहा है।
राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को निर्देश जारी
यह मॉक ड्रिल हाल ही में हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद संभावित जटिल खतरों को देखते हुए आयोजित की जा रही है। गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को निर्देश जारी कर कहा है कि आम जनता को संभावित युद्धकालीन परिस्थितियों से निपटने की तैयारी कराई जाए।
जिलाधिकारी चंद्रशेखर सिंह और वरीय पुलिस अधीक्षक आकाश कुमार ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से आम जनता से सहयोग की अपील की है। उन्होंने कहा कि यह अभ्यास सिर्फ एक मॉक ड्रिल है और इससे घबराने की जरूरत नहीं है, बल्कि सहयोग और सतर्कता की आवश्यकता है।


