Breaking News : भारतीय रिजर्व बैंक RBI (आरबीआई) ने अपने पॉलिसी रेट यानी रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं करने का निर्णय लिया है। आपको बता दें कि आरबीआई ने रेपो रेट को 6.50 प्रतिशत पर बरकरार रखा है। यह निर्णय आरबीआई की मॉनिटरी पॉलिसी कमिटी की तीन दिवसीय बैठक के बाद लिया गया, जो 4 दिसंबर को शुरू हुई थी। बैठक के निर्णयों की घोषणा आज की गई। उल्लेखनीय है कि फरवरी 2023 के बाद से रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
इसका सीधा असर बैंकों द्वारा कर्ज लेने की दरों पर पड़ता है, जिससे महंगी ईएमआई पर राहत की उम्मीद करने वालों को निराशा हाथ लगी है। हालांकि, आरबीआई ने अपनी मौजूदा नीतियों को महंगाई पर नियंत्रण रखने और आर्थिक विकास को संतुलित बनाए रखने के उद्देश्य से जारी रखने का फैसला किया है।
महंगाई पर नियंत्रण के साथ ग्रोथ भी जरूरी
आरबीआई (RBI) गवर्नर ने बैठक के बाद एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि केंद्रीय बैंक का प्रमुख उद्देश्य महंगाई पर नियंत्रण रखना है, लेकिन साथ ही देश की आर्थिक वृद्धि को बनाए रखना भी उतना ही जरूरी है। उन्होंने कहा कि आरबीआई की नीति में यह स्पष्ट तौर पर कहा गया है कि महंगाई को स्थिर बनाए रखना प्राथमिकता है, लेकिन इसके साथ-साथ आर्थिक विकास को भी प्रोत्साहित करना है।
आरबीआई गवर्नर ने यह भी बताया कि रेपो रेट को स्थिर रखने का फैसला इस कारण लिया गया है ताकि महंगाई को नियंत्रित किया जा सके और मौजूदा आर्थिक स्थिति के अनुसार स्थिरता बनी रहे। उनका मानना है कि यह संतुलन बनाए रखना केंद्रीय बैंक के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, जिससे महंगाई पर काबू पाया जा सके और आर्थिक विकास की गति भी कायम रहे।


