Rahul Gandhi News : कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोमवार को मध्य प्रदेश के महू में आयोजित जय बापू, जय भीम, जय संविधान रैली को संबोधित किया। इस रैली में पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी उनके साथ मौजूद रहे। राहुल गांधी ने अपनी बातों में बीजेपी पर जमकर हमला बोला और संविधान के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने बीजेपी के नेताओं द्वारा संविधान को समाप्त करने की कोशिशों की निंदा की और दावा किया कि उनकी पार्टी और इंडिया गठबंधन के नेताओं के संघर्ष के कारण लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को संविधान के सामने सिर झुकाना पड़ा।
राहुल गांधी ने रैली में कहा कि बीजेपी और संघ परिवार की विचारधारा संविधान के खिलाफ है। उन्होंने कहा “हिंदुस्तान में विचारधारा की लड़ाई चल रही है। एक तरफ कांग्रेस है जो संविधान को मानती है और इसके लिए संघर्ष कर रही है, जबकि दूसरी तरफ आरएसएस और बीजेपी हैं जो संविधान को कमजोर करना चाहते हैं और इसे समाप्त करने का प्रयास कर रहे हैं।”
राहुल गांधी ने आगे कहा कि संविधान केवल एक किताब नहीं है, बल्कि इसमें हिंदुस्तान की हजारों साल पुरानी सोच और हमारे महापुरुषों की आवाज है। उन्होंने बाबा भीमराव आंबेडकर, महात्मा गांधी, भगवान बुद्ध और फुले जैसे महान हस्तियों का जिक्र करते हुए कहा, “संविधान में इन महापुरुषों की आवाज है, और यही आवाज देश के गरीब, दलित, आदिवासी और पिछड़े वर्गों के हक के लिए उठी थी।”
मोहन भागवत पर निशाना
राहुल गांधी ने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के उस बयान पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत को 15 अगस्त 1947 को स्वतंत्रता नहीं मिली थी और यह झूठी आज़ादी थी। राहुल गांधी ने कहा “यह सीधा संविधान पर हमला है। याद रखिए जिस दिन संविधान खत्म हो जाएगा, उस दिन देश के गरीबों के लिए कुछ नहीं बचने वाला।”
बीजेपी पर हमला
राहुल गांधी ने बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा कि दलितों, आदिवासियों और पिछड़ों के लिए इस देश में कुछ नहीं बचा है। उन्होंने कहा “आप देखिए दो-तीन अरबपतियों को सारे कॉन्ट्रैक्ट दे दिए जाते हैं। संविधान में लिखा है कि सभी नागरिक समान हैं, लेकिन बीजेपी ने देश की व्यवस्था को एक साजिश के तहत अरबपतियों के हक में बदल दिया है।” उन्होंने यह भी कहा कि आजादी के 50 साल बाद देश में बेरोजगारी की दर सबसे अधिक है और देश का गरीब वर्ग जीएसटी और नोटबंदी जैसी नीतियों से प्रभावित हुआ है।
बेरोजगारी और महंगाई पर बयान
राहुल गांधी (Rahul Gandhi News ) ने बेरोजगारी और महंगाई को लेकर भी बीजेपी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा, “आजकल पेट्रोल की कीमतें लगातार बढ़ती जा रही हैं, जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमतें कम हो रही हैं। देश में बेरोजगारी चरम पर है। आजकल आईआईटी और आईआईएम करने वाले युवा भी नौकरी नहीं पा रहे। बेरोजगारी का यह आलम है कि आपकी शिक्षा का कोई महत्व नहीं रह जाता।”
संविधान और गरीबों के अधिकार
राहुल गांधी ने संविधान का महत्व फिर से रेखांकित करते हुए कहा “संविधान ने गरीबों और हाशिए पर रहने वाले समुदायों को अधिकार दिए थे, लेकिन बीजेपी-आरएसएस आज़ादी से पहले की व्यवस्था चाहते हैं, जब गरीबों के पास कोई अधिकार नहीं था।” उन्होंने देश के राष्ट्रपति के रूप में आदिवासी महिला द्रौपदी मुर्मू के चुनाव का भी उल्लेख किया और कहा कि उन्हें मंदिरों में जाने से रोक दिया गया और राम मंदिर कार्यक्रम में भी किसी दलित या पिछड़े समुदाय के व्यक्ति को नहीं देखा गया।
दलित, पिछड़े और आदिवासी समुदाय की उपेक्षा
राहुल गांधी ने यह भी कहा कि देश में 90 प्रतिशत आबादी का लोकसभा और संसद में सही प्रतिनिधित्व नहीं है। उन्होंने उदाहरण दिया कि देश का बजट बनाने वाले 90 अफसरों में से केवल तीन ही पिछड़े समुदाय से आते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह न्यायपूर्ण है कि इन अफसरों को अपनी आवाज उठाने के लिए डराया-धमकाया जाता है?
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