Sambhal News : उत्तर प्रदेश के संभल जिले में भगवान श्रीराम की 51 फीट ऊंची भव्य और दिव्य प्रतिमा का निर्माण पूरी तरह से समाप्त हो चुका है। इस मूर्ति का उद्घाटन आगामी 22 जनवरी को अयोध्या स्थित राम मंदिर में भगवान राम की प्राण प्रतिष्ठा दिवस के अवसर पर किया जाएगा। इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के भी शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। एक साल से चल रहे निर्माण कार्य के बाद प्रतिमा का काम अब समाप्त हो चुका है और इसे लेकर राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुभकामनाएं दी हैं।
रामबाग ट्रस्ट ने कराया निर्माण
चंदौसी के रामबाग में स्थित भगवान श्रीराम की इस विशाल प्रतिमा का निर्माण रामबाग ट्रस्ट द्वारा कराया गया है। ट्रस्ट ने पिछले दिनों मुख्यमंत्री और राज्यपाल को पत्र लिखकर इस प्रयास की जानकारी दी थी। पत्र में बताया गया कि उत्तर प्रदेश के इस पौराणिक जनपद संभल को प्राचीन और धार्मिक स्वरूप में वापस लाने की दिशा में यह कदम उठाया गया है। धार्मिक नगर चंदोसी की धार्मिक संस्था रामबाग धाम ट्रस्ट ने भगवान श्रीराम की 51 फीट से अधिक ऊंची प्रतिमा का निर्माण कराया है।
सीएम और राज्यपाल की शुभकामनाएं
सीएम योगी आदित्यनाथ और राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने ट्रस्ट को पत्र भेजकर इस महान कार्य के लिए शुभकामनाएं दी हैं। (Sambhal News) मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने पत्र में लिखा, “मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम भारतीय अस्मिता की पहचान हैं। वह सनातन धर्म के मानवीय मूल्य के धारक हैं। भगवान राम गृहस्थों के आदर्श और संतों के आराध्य हैं, वे धर्म के रक्षक और वेद धर्मज्ञ हैं। भगवान राम का आचरण मानवीय मूल्यों की धरोहर है।”
धनुष-बाण के साथ आर्शीवाद की मुद्रा में भगवान श्रीराम
रामबाग धाम ट्रस्ट के पदाधिकारी अमित कुमार के अनुसार, महाकुंभ के शुभारंभ के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भगवान श्रीराम की इस विशाल प्रतिमा का अनावरण करेंगे। देशभर में भगवान श्रीराम की कई प्रतिमाएं स्थापित हैं, लेकिन यह प्रतिमा उत्तर भारत में न केवल सबसे ऊंची और विशाल है, बल्कि इसका विशिष्ट रूप भी इसे खास बनाता है। इस प्रतिमा में भगवान श्रीराम एक हाथ में धनुष-बाण धारण किए हुए हैं, जबकि दूसरे हाथ में आर्शीवाद की मुद्रा में हैं।
अशोक वाटिका का भी निर्माण
इस भव्य प्रतिमा के पास एक अन्य महत्वपूर्ण निर्माण भी हो रहा है। रामबाग ट्रस्ट ने अशोक वाटिका का निर्माण भी शुरू किया है, जिसमें सीता माता की प्रतिमा स्थापित की जाएगी। यह क्षेत्र भगवान श्रीराम के साथ-साथ उनकी पत्नी माता सीता की श्रद्धा और सम्मान का प्रतीक बनेगा।
इस भव्य और दिव्य प्रतिमा का उद्घाटन न केवल संभल या उत्तर प्रदेश, बल्कि पूरे देश के लिए एक ऐतिहासिक और धार्मिक अवसर होगा।


